क्या आप भी एक स्ट्रीट वेंडर हैं? तो यह खबर आपके लिए एक बड़ी राहत है! सरकार ने PM SVANidhi योजना को 2030 तक बढ़ा दिया है। इसके साथ ही, एक नया क्रेडिट कार्ड भी लॉन्च होने जा रहा है। जानें कैसे इस फैसले से आपका बिज़नेस बढ़ेगा और वित्तीय मदद पाना और भी आसान हो जाएगा।

PM SVANidhi: रेहड़ी-पटरी वालों के लिए बड़ा ऐलान, अब 2030 तक जारी रहेगी योजना
भारत सरकार ने स्ट्रीट वेंडर्स (रेहड़ी-पटरी वालों) के लिए एक ऐतिहासिक फैसला लिया है। प्रधानमंत्री स्ट्रीट वेंडर्स आत्मनिर्भर निधि (PM SVANidhi) योजना, जिसने लाखों छोटे कारोबारियों को सहारा दिया है, उसे अब 2030 तक के लिए बढ़ा दिया गया है। इस विस्तार का मुख्य मकसद यह सुनिश्चित करना है कि देश के हर कोने में मौजूद स्ट्रीट वेंडर्स को बिना किसी रुकावट के वित्तीय सहायता मिलती रहे।
क्यों लिया गया यह महत्वपूर्ण फैसला?
PM SVANidhi योजना को COVID-19 महामारी के दौरान रेहड़ी-पटरी वालों को आर्थिक रूप से मजबूत करने के लिए शुरू किया गया था। इस योजना के तहत, वेंडर्स को बिना किसी गारंटी के ₹10,000, ₹20,000, और ₹50,000 तक का वर्किंग कैपिटल लोन मिलता है। इस योजना ने न केवल छोटे व्यवसायों को फिर से खड़ा होने में मदद की, बल्कि उन्हें डिजिटल लेनदेन अपनाने के लिए भी प्रेरित किया।
इसकी सफलता को देखते हुए, केंद्रीय कैबिनेट ने इसे 2030 तक बढ़ाने का निर्णय लिया है। यह विस्तार यह सुनिश्चित करेगा कि:
- अधिक वेंडर्स को लाभ: जो वेंडर्स अभी तक योजना का लाभ नहीं ले पाए हैं, उन्हें भी मौका मिलेगा।
- निरंतर वित्तीय सहायता: वेंडर्स को अपने व्यवसाय के विस्तार और वर्किंग कैपिटल की जरूरतों के लिए लगातार मदद मिलती रहेगी।
- वित्तीय समावेश को बढ़ावा: यह योजना स्ट्रीट वेंडर्स को औपचारिक बैंकिंग प्रणाली से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
क्रेडिट कार्ड की सुविधा: एक गेम-चेंजर
इस योजना के विस्तार के साथ-साथ एक और बड़ा ऐलान किया गया है: स्ट्रीट वेंडर्स के लिए एक नए तरह का क्रेडिट कार्ड लाने की तैयारी। यह सुविधा उनके लिए एक गेम-चेंजर साबित हो सकती है।
- आसान क्रेडिट एक्सेस: इस क्रेडिट कार्ड के जरिए वेंडर्स को छोटी रकम के लिए बार-बार लोन आवेदन करने की जरूरत नहीं पड़ेगी। वे अपनी जरूरत के हिसाब से तुरंत क्रेडिट का इस्तेमाल कर सकेंगे।
- डिजिटल लेनदेन को बढ़ावा: यह क्रेडिट कार्ड छोटे-मोटे लेनदेन को आसान बनाएगा और डिजिटल भुगतान को बढ़ावा देगा।
- बेहतर क्रेडिट स्कोर: इस कार्ड के नियमित इस्तेमाल से स्ट्रीट वेंडर्स अपना क्रेडिट स्कोर बना पाएंगे, जिससे भविष्य में उन्हें बड़े लोन लेने में आसानी होगी।
- नकदी पर निर्भरता कम: यह कदम नकदी पर निर्भरता को कम करेगा और भारत की डिजिटल अर्थव्यवस्था को और मजबूत बनाएगा।
निष्कर्ष
PM SVANidhi योजना का 2030 तक विस्तार और नए क्रेडिट कार्ड की सुविधा, स्ट्रीट वेंडर्स के लिए एक नए युग की शुरुआत है। यह न केवल उनकी आर्थिक स्थिति को सुधारेगा, बल्कि उन्हें आत्मनिर्भर और सशक्त बनाएगा। यह सरकार की ‘सबका साथ, सबका विकास’ की प्रतिबद्धता को भी दर्शाता है।
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FAQs
1. PM स्वनिधि योजना क्या है?
यह एक केंद्र सरकार की योजना है जो स्ट्रीट वेंडर्स (रेहड़ी-पटरी वालों) को अपना व्यवसाय फिर से शुरू करने और उसे बढ़ाने के लिए रियायती दरों पर वर्किंग कैपिटल लोन देती है।
2. योजना को 2030 तक क्यों बढ़ाया गया है?
इस योजना की सफलता और स्ट्रीट वेंडर्स की लगातार वित्तीय जरूरतों को देखते हुए, सरकार ने इसे दिसंबर 2024 से बढ़ाकर दिसंबर 2030 तक कर दिया है। इसका उद्देश्य अधिक लाभार्थियों तक पहुंचना और उन्हें लंबे समय तक सहारा देना है।
3. इस योजना के तहत कितना लोन मिलता है?
- पहला लोन: ₹10,000 तक।
- दूसरा लोन (समय पर चुकाने पर): ₹20,000 तक।
- तीसरा लोन (समय पर चुकाने पर): ₹50,000 तक।
4. नए क्रेडिट कार्ड की सुविधा क्या है?
सरकार स्ट्रीट वेंडर्स के लिए एक नए तरह का क्रेडिट कार्ड लाने की तैयारी कर रही है। यह क्रेडिट कार्ड विक्रेताओं को तुरंत और आसानी से क्रेडिट (उधार) उपलब्ध कराएगा, जिससे उन्हें बार-बार लोन आवेदन करने की जरूरत नहीं पड़ेगी। यह डिजिटल लेनदेन को भी बढ़ावा देगा।
5. इस योजना के लिए कौन पात्र है और आवेदन कैसे करें?
- पात्रता: शहरी क्षेत्रों में 24 मार्च 2020 या उससे पहले से वेंडिंग कर रहे सभी स्ट्रीट वेंडर्स इसके लिए पात्र हैं।
- आवेदन: आप आधिकारिक पोर्टल pmsvanidhi.mohua.gov.in पर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं या किसी कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) पर जाकर आवेदन फॉर्म भर सकते हैं। आपको अपनी वेंडिंग आईडी या शहरी स्थानीय निकाय (ULB) द्वारा जारी सिफारिश पत्र की आवश्यकता होगी।

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