PM SHRI बनाम SSK: केरल को मिला ₹92 करोड़ का फंड, लेकिन MoU पर सस्पेंस जारी!

केरल शिक्षा मंत्री ने कहा कि ₹92 करोड़ का SSK फंड रिलीज़ PM SHRI MoU से जुड़ा नहीं है। राज्य अब कानूनी सलाह लेने की तैयारी में है, जबकि ₹1,158 करोड़ की बकाया राशि अभी बाकी है।

फंड रिलीज पर केंद्र-राज्य टकराव: क्या PM SHRI की शर्त पूरी हुई?

केरल में शिक्षा बजट 2025 केरल और केंद्र प्रायोजित Samagra Shiksha Yojana 2025 के तहत फंड को लेकर एक बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। हाल ही में, केंद्र सरकार ने समग्र शिक्षा केरल (SSK) परियोजना के तहत ₹92.41 करोड़ की राशि जारी की है।

केरल के शिक्षा मंत्री वी. शिवनकुट्टी ने स्पष्ट किया है कि यह फंड रिलीज़ राज्य द्वारा PM SHRI Scheme 2025 Update को लागू करने के लिए हस्ताक्षरित MoU (समझौता ज्ञापन) का परिणाम नहीं है। उनका दावा है कि यह राशि समग्र शिक्षा के तहत केरल को दो साल के अंतराल के बाद मिली है और इसका संबंध विशेष शिक्षकों की नियुक्ति से जुड़े एक सुप्रीम कोर्ट मामले से है।

  • रिलीज़ राशि: ₹92.41 करोड़ (कुल स्वीकृत ₹109 करोड़ में से)।
  • केरल का दावा: फंड रिलीज़ का PM SHRI MoU से कोई लेना-देना नहीं।
  • बकाया राशि: केंद्र की ओर ₹1,158 करोड़ की बकाया राशि अभी भी पेंडिंग है।

राजनीतिक और प्रशासनिक पेंच

केंद्र सरकार द्वारा फंड जारी करने और केरल सरकार के बयान से मामला राजनीतिक और प्रशासनिक रूप से उलझ गया है। एक तरफ, केंद्र ने सुप्रीम कोर्ट को फंड देने का आश्वासन दिया, वहीं दूसरी ओर, राज्य सरकार ने पहले PM SHRI स्कीम के MoU पर हस्ताक्षर कर दिए, जिस पर सत्तारूढ़ LDF (लेफ्ट डेमोक्रेटिक फ्रंट) गठबंधन के भीतर ही मुख्य सहयोगी CPI ने कड़ी आपत्ति जताई।

  • PM SHRI पर रोक: CPI के विरोध के बाद, केरल कैबिनेट ने PM SHRI योजना के क्रियान्वयन को फिलहाल स्थगित (put on hold) करने और कानूनी सलाह लेने का फैसला किया है।
  • प्रशासनिक कदम: सरकार अब केंद्र को इस फैसले से औपचारिक रूप से अवगत कराने की तैयारी में है। यह दिखाता है कि राज्य NEP 2020 (राष्ट्रीय शिक्षा नीति) को लागू करने के संभावित निहितार्थों को लेकर अभी भी संशय में है, जिसका PM SHRI योजना एक प्रमुख हिस्सा है।

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PM SHRI योजना: स्कूलों के लिए इसका क्या मतलब है?

PM SHRI (Prime Minister’s Schools for Rising India) योजना का मुख्य उद्देश्य देश भर के 14,500 से अधिक सरकारी स्कूलों को ‘उत्कृष्ट’ विद्यालयों के रूप में अपग्रेड करना है। यह योजना National Education Policy (NEP) 2020 के सिद्धांतों को पूरी तरह से लागू करने पर केंद्रित है।

  • उद्देश्य: छात्रों के लिए एक समावेशी, समान और आनंदमय सीखने का माहौल प्रदान करना।
  • आधुनिकीकरण: चयनित स्कूलों को आधुनिक School Infrastructure Upgrade India के लिए औसत ₹1 करोड़ प्रति वर्ष (5 साल के लिए) की केंद्रीय सहायता मिलती है। इसमें स्मार्ट क्लासरूम, डिजिटल लैब्स, खेल के मैदान और हरित पहलें (Green School Initiatives) शामिल हैं।

केरल में यह ₹92.41 करोड़ का फंड (Samagra Shiksha) सीधे बच्चों और शिक्षकों के लिए राहत है, क्योंकि इसका उपयोग शैक्षणिक गतिविधियों, विशेष शिक्षकों के वेतन और अन्य योजनागत व्यय में होगा। हालांकि, यदि राज्य PM SHRI में शामिल होता है, तो चयनित स्कूलों को अतिरिक्त फंडिंग मिलेगी, जिससे वे अत्याधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर और शैक्षणिक गुणवत्ता में क्रांतिकारी बदलाव ला सकते हैं।

इस राजनीतिक खींचतान के बीच, केरल के छात्रों और शिक्षकों को उम्मीद है कि शिक्षा निधि रिलीज़ पर केंद्र-राज्य टकराव जल्द खत्म होगा, और बकाया ₹1,158 करोड़ की राशि भी जारी होगी, ताकि स्कूल अपग्रेड और शैक्षणिक विकास बिना किसी रुकावट के जारी रह सके।

FAQs

शिक्षा मंत्रालय के फंड और PM SHRI योजना से जुड़े सवाल

  1. ₹92.41 करोड़ का फंड किस योजना के तहत जारी हुआ है?
    • यह फंड समग्र शिक्षा केरल (SSK) परियोजना के तहत केंद्र सरकार द्वारा जारी किया गया है, जो एक केंद्र प्रायोजित योजना है।
  2. क्या यह फंड PM SHRI MoU साइन करने के कारण मिला है?
    • केरल सरकार के शिक्षा मंत्री ने स्पष्ट किया है कि इस फंड का रिलीज़ PM SHRI योजना के MoU पर हस्ताक्षर करने से जुड़ा नहीं है। यह समग्र शिक्षा के तहत एक बकाया राशि थी।
  3. PM SHRI योजना क्या है?
    • PM SHRI (Prime Minister’s Schools for Rising India) योजना राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के तहत देश भर के 14,500 से अधिक स्कूलों को आधुनिक और उत्कृष्ट विद्यालयों के रूप में अपग्रेड करने की एक पहल है।
  4. केरल सरकार ने PM SHRI MoU पर क्या फैसला लिया है?
    • CPI की आपत्ति के बाद, केरल कैबिनेट ने PM SHRI योजना के क्रियान्वयन को फिलहाल स्थगित कर दिया है और इस पर कानूनी सलाह लेने का फैसला किया है।
  5. केंद्र की ओर केरल का कितना बकाया फंड लंबित है?
    • केरल सरकार का दावा है कि केंद्र की ओर से समग्र शिक्षा और अन्य योजनाओं के तहत राज्य का लगभग ₹1,158 करोड़ का बकाया फंड अभी भी लंबित है।
  6. इस फंड का केरल के स्कूलों और छात्रों पर क्या असर होगा?
    • ₹92.41 करोड़ का यह फंड शैक्षणिक गतिविधियों, विशेष शिक्षकों के वेतन और स्कूल इंफ्रास्ट्रक्चर अपग्रेड इंडिया के छोटे-मोटे कामों में उपयोग होगा, जिससे छात्रों और शिक्षकों को सीधा लाभ मिलेगा।

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